🌿 Free shipping on orders above ₹499
SS HerbalSS HerbalBetter Living Begins Naturally
खानपान

मल्टीविटामिन लेते समय कौन-सी सामान्य गलतियों से बचें?

Multivitamin लेते समय कुछ सामान्य गलतियाँ इसकी उपयोगिता और सुरक्षा को प्रभावित कर सकती हैं। जानें अधिक मात्रा, कई Supplements, दवाओं, Pregnancy, थकान और संतुलित आहार से जुड़ी ज़रूरी सावधानियाँ।

Dr Suhail SiddiquiBy Dr Suhail Siddiqui, B.A.M.S.Last updated:

Ayurvedic Physician · Reg. No. 77487, UP Board of Indian Medicine

मल्टीविटामिन लेते समय कौन-सी सामान्य गलतियों से बचें?

एक नज़र में

  • ज़्यादा मात्रा का मतलब ज़्यादा फ़ायदा नहीं होता। ज़रूरत से अधिक विटामिन और खनिज लेना हमेशा बेहतर नहीं होता।

  • एक साथ कई सप्लीमेंट लेना ध्यान से करें। अलग-अलग उत्पादों या fortified foods से एक ही nutrient की कुल मात्रा बढ़ सकती है।

  • दवाइयाँ लेते हैं तो जानकारी साझा करें। कुछ सप्लीमेंट कुछ दवाओं के साथ परस्पर प्रभाव डाल सकते हैं, इसलिए स्वास्थ्य विशेषज्ञ को इनके बारे में बताना ज़रूरी हो सकता है।

  • गर्भावस्था या गर्भावस्था की योजना बनाने के दौरान सावधानी ज़रूरी है। इस दौरान अपनी ज़रूरत के अनुसार सप्लीमेंट चुनने के लिए स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर है।

  • सिर्फ़ थकान को विटामिन की कमी न मानें। थकान के कई कारण हो सकते हैं, इसलिए केवल इस एक लक्षण के आधार पर सप्लीमेंट शुरू करना सही तरीका नहीं है।

  • यह संतुलित आहार का विकल्प नहीं है। रोज़ाना अलग-अलग और पौष्टिक foods से मिलने वाला nutrition सबसे महत्वपूर्ण आधार है।

मल्टीविटामिन लेते समय सबसे आम गलतियाँ कौन-सी हैं?

1. यह मान लेना कि ज़्यादा विटामिन का मतलब ज़्यादा फ़ायदा है

शरीर को विटामिन और खनिजों की ज़रूरत होती है, लेकिन ज़्यादा मात्रा लेने से हमेशा अतिरिक्त फ़ायदा नहीं मिलता। कुछ पोषक तत्वों की ज़रूरत से अधिक मात्रा स्वास्थ्य के लिए परेशानी का कारण बन सकती है।

खासकर तब सावधानी ज़रूरी है, जब कोई व्यक्ति एक से अधिक सप्लीमेंट ले रहा हो या Fortified Foods और Drinks का भी नियमित सेवन करता हो। ऐसे में एक ही Nutrient कई स्रोतों से मिल सकता है।

इसलिए किसी Product में पोषक तत्वों की मात्रा अधिक देखकर उसे अपने-आप बेहतर मानना सही तरीका नहीं है।

ध्यान रखें: मात्रा व्यक्ति की ज़रूरत के अनुसार होनी चाहिए, केवल “ज़्यादा” होने के आधार पर नहीं।

2. एक साथ कई सप्लीमेंट लेना

एक आम गलती यह हो सकती है कि व्यक्ति मल्टीविटामिन के साथ अलग से विटामिन D, विटामिन B12, ज़िंक या कोई दूसरा मिश्रित सप्लीमेंट भी लेने लगे।

ऐसी स्थिति में एक ही Nutrient अलग-अलग उत्पादों से मिल सकता है। इससे उसकी कुल मात्रा बढ़ सकती है और कुछ पोषक तत्वों ज़रूरत से अधिक लिए जा सकते हैं।

इसलिए जो सप्लीमेंट आप नियमित रूप से लेते हैं, उनकी एक सूची बनाकर रखना उपयोगी है। नया सप्लीमेंट शुरू करने से पहले उसकी घटकों की सूची देख लें, ताकि पहले से लिए जा रहे पोषक तत्वों दोबारा तो नहीं आ रहे हैं।

3. पोषक तत्वों से युक्त खाद्य पदार्थ और पेय की कुल मात्रा को ध्यान में न रखना

कुछ Foods और Drinks में विटामिन या Minerals अलग से मिलाए जाते हैं। इन्हें पोषक तत्वों से युक्त खाद्य पदार्थ या पेय कहा जाता है।

अगर कोई व्यक्ति मल्टीविटामिन के साथ ऐसे उत्पाद भी नियमित रूप से लेता है, तो उनसे मिलने वाले पोषक तत्वों भी उसकी कुल मात्रा का हिस्सा होते हैं। इसलिए केवल टैबलेट या कैप्सूल पर लिखी मात्रा देखना हमेशा पर्याप्त नहीं हो सकता।

आसान तरीका: अपने रोज़ के आहार और सप्लीमेंट को एक साथ देखकर यह समझें कि किसी Nutrient के कई स्रोत तो नहीं बन रहे हैं।

4. अपनी दूसरी दवाओं के बारे में जानकारी न देना

कुछ सप्लीमेंट, Medicines के साथ परस्पर प्रभाव कर सकते हैं। इसलिए अगर आप प्रिस्क्रिप्शन या दूसरी नियमित दवा लेते हैं, तो स्वास्थ्य विशेषज्ञ को अपने सप्लीमेंट के बारे में बताना ज़रूरी हो सकता है।

उदाहरण के लिए, Vitamin K वाले सप्लीमेंट का Warfarin जैसी Blood-thinning Medicine (ख़ून पतला करने वाली दवा) के साथ परस्पर प्रभाव हो सकता है। ऐसे मामलों में Vitamin K के सेवन में अचानक बदलाव भी ध्यान देने वाली बात हो सकती है।

इसलिए किसी सप्लीमेंट को केवल इसलिए अलग न समझें क्योंकि वह Vitamin या Mineral है।

5. गर्भावस्था में सामान्य मल्टीविटामिन को अपने-आप चुन लेना

गर्भावस्था और गर्भावस्था की योजना के दौरान शरीर की पोषण संबंधी ज़रूरतें अलग हो सकती हैं। इसलिए इस समय किसी भी सामान्य मल्टीविटामिन को केवल अपनी पसंद से चुनना सही तरीका नहीं माना जाना चाहिए।

Prenatal (प्रसवपूर्व) सप्लीमेंट में अलग-अलग पोषक तत्वों और उनकी मात्रा अलग हो सकती है। इसलिए गर्भावस्था या गर्भावस्था की योजना के दौरान सप्लीमेंट का चुनाव स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह के अनुसार करना बेहतर है।

खास बात: गर्भावस्था में किसी Product को केवल “ज़्यादा विटामिन” होने के आधार पर चुनना उचित नहीं है।

6. केवल थकान देखकर मल्टीविटामिन शुरू कर देना

थकान के कई कारण हो सकते हैं। इसलिए केवल थकान होने पर यह मान लेना कि शरीर में किसी Vitamin की कमी है, सही निष्कर्ष नहीं है।

थकान = विटामिन की कमी = मल्टीविटामिन की ज़रूरत

ऐसा सीधा निष्कर्ष निकालने से बचना चाहिए।

अगर थकान लगातार बनी रहती है या उसका कारण समझ नहीं आ रहा है, तो केवल अपने-आप सप्लीमेंट शुरू करने के बजाय स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेकर कारण समझना बेहतर हो सकता है।

सिर्फ़ किसी एक लक्षण के आधार पर विटामिन की कमी मान लेना सही तरीका नहीं है।

7. संतुलित आहार को मल्टीविटामिन से बदलना

मल्टीविटामिन को भोजन का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।

एक संतुलित और विविध आहार से विटामिन और खनिजों के साथ फ़ाइबर और कई दूसरे पोषक तत्व भी मिलते हैं। इसलिए सप्लीमेंट लेने के बावजूद रोज़ के भोजन की गुणवत्ता और विविधता का महत्व बना रहता है।

इसका मतलब यह नहीं है कि किसी भी व्यक्ति को सप्लीमेंट की ज़रूरत नहीं होती। कुछ लोगों की पोषण संबंधी ज़रूरतें अलग हो सकती हैं। लेकिन सप्लीमेंट और संतुलित भोजन की भूमिका एक जैसी नहीं होती।

8. हर व्यक्ति के लिए एक ही मल्टीविटामिन सही मानना

सभी मल्टीविटामिन उत्पादों की संरचना एक जैसी नहीं होती। अलग-अलग उत्पादों में पोषक तत्वों और उनकी मात्रा अलग हो सकती है।

उम्र, लिंग और जीवन-चरण, जैसे गर्भावस्था, के अनुसार भी पोषण संबंधी ज़रूरतें बदल सकती हैं। इसलिए किसी दूसरे व्यक्ति का सप्लीमेंट देखकर वही Product अपने-आप शुरू करना सही तरीका नहीं माना जाना चाहिए।

दूसरे व्यक्ति का सप्लीमेंट दिनचर्या ज़रूरी नहीं कि आपकी ज़रूरत के अनुसार भी हो।

अगर आप यह समझना चाहते हैं कि किन लोगों को मल्टीविटामिन की ज़रूरत हो सकती है और यह ज़रूरत किन बातों पर निर्भर करती है, तो हमारा यह लेख पढ़ सकते हैं: क्या हर व्यक्ति को मल्टीविटामिन की ज़रूरत होती?

9. “प्राकृतिक”, “हर्बल” या “आयुर्वेदिक” देखकर इसे अपने-आप सुरक्षित मान लेना

किसी Product पर “प्राकृतिक”, “हर्बल” या “आयुर्वेदिक” लिखा होना अपने-आप यह साबित नहीं करता कि वह हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त है।

कुछ सप्लीमेंट में विटामिन और खनिजों के साथ हर्बल या दूसरे घटक भी हो सकते हैं। इसलिए ऐसे उत्पाद लेते समय उनकी पूरी घटकों की सूची देखना और दूसरी दवाओं या सप्लीमेंट के साथ संभावित Overlap को ध्यान में रखना उपयोगी है।

किसी Product को केवल उसके “प्राकृतिक” या “हर्बल” होने के आधार पर बिना किसी सावधानी के लेना सही तरीका नहीं है।

10. लंबे समय तक बिना समीक्षा के लेते रहना

कई बार कोई व्यक्ति सप्लीमेंट शुरू करने के बाद उसे लंबे समय तक उसी तरह जारी रखता है, जबकि इस दौरान उसका आहार, स्वास्थ्य स्थिति या दूसरी दवाओं और सप्लीमेंट में बदलाव हो सकता है।

इसका मतलब यह नहीं है कि हर व्यक्ति को कुछ समय बाद मल्टीविटामिन बंद करना चाहिए। इसे कितने समय तक लेना है, यह व्यक्ति की ज़रूरत और स्वास्थ्य स्थिति पर निर्भर कर सकता है। 

अगर सप्लीमेंट लेने की ज़रूरत स्पष्ट नहीं है या परिस्थितियों में बदलाव आया है, तो स्वास्थ्य विशेषज्ञ से अपने सप्लीमेंट दिनचर्या का समीक्षा कराना उपयोगी हो सकता है।

मल्टीविटामिन लेते समय किन बातों की छोटी जाँच-सूची रखें?

सप्लीमेंट शुरू करने या जारी रखने से पहले इन सवालों पर ध्यान देना उपयोगी हो सकता है:

  • क्या मैं पहले से कोई दूसरा विटामिन या खनिज सप्लीमेंट ले रहा/रही हूँ?

  • क्या मेरे दूसरे सप्लीमेंट में भी वही पोषक तत्व मौजूद हैं?

  • क्या मैं Fortified Foods या Drinks (पोषक तत्वों से युक्त खाद्य पदार्थ और पेय) नियमित रूप से लेता/लेती हूँ?

  • क्या मैं कोई प्रिस्क्रिप्शन या OTC Medicine ले रहा/रही हूँ?

  • क्या मैं गर्भवती हूँ या गर्भधारण की योजना बना रही हूँ? 

  • क्या मुझे किसी पोषक तत्व की कमी का निदान मिला है?

  • क्या मैं किसी एक लक्षण के आधार पर खुद से सप्लीमेंट शुरू कर रहा/रही हूँ?

  • क्या मैं इसे लंबे समय से बिना समीक्षा के ले रहा/रही हूँ?

यह जाँच-सूची खुद से सप्लीमेंट की मात्रा तय करने के लिए नहीं है। इसका उद्देश्य केवल उन बातों पर ध्यान दिलाना है, जिनकी जानकारी स्वास्थ्य विशेषज्ञ के साथ साझा करना उपयोगी हो सकती है।

अगर आप मल्टीविटामिन शुरू करने से पहले इसकी बुनियादी जानकारी और ज़रूरी सावधानियों को विस्तार से समझना चाहते हैं, तो हमारा यह लेख भी पढ़ सकते हैं: मल्टीविटामिन क्या है? लेने से पहले ज़रूरी बातें

किन लोगों को मल्टीविटामिन लेते समय विशेष सावधानी रखनी चाहिए?

कुछ स्थितियों में सप्लीमेंट चुनते या लेते समय थोड़ी ज़्यादा सावधानी की ज़रूरत हो सकती है, जैसे:

  • गर्भावस्था या गर्भावस्था की योजना

  • बच्चों के लिए सप्लीमेंट का इस्तेमाल

  • अधिक उम्र के लोगों को भी अपनी उम्र और पोषण संबंधी ज़रूरतों के अनुसार सप्लीमेंट चुनने पर ध्यान देना चाहिए।

  • बहुत सीमित प्रकार का भोजन लेने वाले लोग

  • जिनको किसी Nutrient Deficiency का निदान मिला हो

  • जो नियमित रूप से कई दवाएँ लेते हों

  • जो एक से अधिक सप्लीमेंट लेते हों

  • ऐसी स्वास्थ्य स्थिति वाले लोग, जिनसे पोषक तत्वों के अवशोषण पर असर पड़ सकता है

इनमें से किसी स्थिति में होना अपने-आप मल्टीविटामिन लेने की ज़रूरत साबित नहीं करता। सप्लीमेंट की ज़रूरत व्यक्ति की स्थिति, आहार और अन्य स्वास्थ्य संबंधी बातों पर निर्भर कर सकती है।

आयुर्वेदिक उत्पाद या सप्लीमेंट लेते समय क्या ध्यान रखें?

आयुर्वेदिक या हर्बल सप्लीमेंट लेते समय उसकी पूरी घटकों की सूची और बताई गई मात्रा को समझना उपयोगी है।

अगर आप पहले से मल्टीविटामिन, दूसरे सप्लीमेंट या दवाएँ लेते हैं, तो घटक के Overlap और संभावित परस्पर प्रभाव के बारे में स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर हो सकता है।

“प्राकृतिक”, “हर्बल” या “आयुर्वेदिक” होने के आधार पर किसी Product को हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त या बिना जोखिम वाला नहीं मानना चाहिए।

ऐसे सप्लीमेंट को भी व्यक्ति की उम्र, स्वास्थ्य स्थिति, गर्भावस्था और दूसरी दवाओं या सप्लीमेंट के संदर्भ में देखना ज़रूरी है। 

कुछ लोग मल्टीविटामिन के साथ आयुर्वेदिक उत्पादों के बारे में भी जानकारी लेना चाहते हैं। किसी भी आयुर्वेदिक उत्पाद की सामग्री, सेवन की जानकारी और सावधानियाँ उसके उत्पाद पृष्ठ पर देखना उपयोगी है। 

डॉक्टर या फ़ार्मासिस्ट से कब सलाह लेनी चाहिए?

कुछ स्थितियों में सप्लीमेंट को खुद से शुरू करने या बदलने के बजाय डॉक्टर, फ़ार्मासिस्ट या अन्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर हो सकता है:

  • आप नियमित रूप से दूसरी दवाएँ लेते हैं।

  • आप एक से अधिक सप्लीमेंट लेते हैं।

  • आप गर्भवती हैं या गर्भावस्था की योजना बना रही हैं।

  • आपको किसी Nutrient Deficiency का निदान मिला है।

  • आपको ऐसी स्वास्थ्य स्थिति है, जो पोषक तत्वों का अवशोषण या Nutritional Needs (पोषण संबंधी ज़रूरत) को प्रभावित कर सकती है।

  • आप बच्चे के लिए सप्लीमेंट लेने के बारे में सोच रहे हैं।

  • सप्लीमेंट शुरू करने के बाद कोई असामान्य या परेशान करने वाला लक्षण दिखाई देता है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ आपके आहार, दवाओं, सप्लीमेंट और व्यक्तिगत ज़रूरत को ध्यान में रखकर उचित सलाह दे सकते हैं।

FAQs

1. क्या मल्टीविटामिन की ज़्यादा मात्रा ज़्यादा फ़ायदा देती है?

नहीं। ज़्यादा मात्रा का मतलब ज़्यादा फ़ायदा नहीं होता। कुछ विटामिन और खनिज की बहुत अधिक मात्रा स्वास्थ्य से जुड़ी परेशानियों का कारण बन सकती है।

इसलिए किसी सप्लीमेंट को केवल उसकी अधिक मात्रा देखकर बेहतर मानना सही तरीका नहीं है।

2. क्या मल्टीविटामिन के साथ अलग से Vitamin D या B12 लिया जा सकता है?

यह व्यक्ति की ज़रूरत और दिनभर में मिलने वाली कुल मात्रा पर निर्भर करता है।

अगर मल्टीविटामिन में पहले से वही विटामिन या खनिज मौजूद है, तो अलग से सप्लीमेंट लेने से पहले डॉक्टर या अन्य योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर है।

3. क्या मल्टीविटामिन और दूसरी दवाएँ साथ ली जा सकती हैं?

कुछ सप्लीमेंट या उनमें मौजूद घटक, Medicines के असर को प्रभावित कर सकते हैं या उनके साथ परस्पर प्रभाव कर सकते हैं।

इसलिए अगर आप नियमित रूप से कोई Medicine लेते हैं, तो अपने डॉक्टर या फ़ार्मासिस्ट को उन सभी सप्लीमेंट के बारे में बताना ज़रूरी है जो आप ले रहे हैं।

4. क्या थकान होने पर मल्टीविटामिन शुरू कर देना चाहिए?

सिर्फ़ थकान होने से यह मान लेना सही नहीं है कि शरीर में किसी Vitamin की कमी है।

अगर थकान लगातार बनी रहती है या उसका कारण समझ में नहीं आ रहा है, तो केवल अपने-आप सप्लीमेंट शुरू करने के बजाय डॉक्टर या स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेकर उसका कारण समझना बेहतर है।

5. क्या प्राकृतिक या हर्बल मल्टीविटामिन पूरी तरह सुरक्षित होता है?

“प्राकृतिक”, “हर्बल” या “आयुर्वेदिक” लिखा होना अपने-आप यह साबित नहीं करता कि कोई Product हर व्यक्ति के लिए सुरक्षित या उपयुक्त है।

इसे लेते समय आपकी दूसरी दवाओं, स्वास्थ्य स्थिति और पहले से लिए जा रहे सप्लीमेंट को भी ध्यान में रखना ज़रूरी है।

6. क्या मल्टीविटामिन को लंबे समय तक लिया जा सकता है?

इसका एक ही जवाब हर व्यक्ति पर लागू नहीं होता। इसे कितने समय तक लेना है, यह व्यक्ति की पोषण संबंधी ज़रूरतें और स्वास्थ्य स्थिति पर निर्भर कर सकता है।

अगर इसे लंबे समय से लिया जा रहा है या आपके आहार, Medicines या स्वास्थ्य स्थिति में बदलाव आया है, तो डॉक्टर या स्वास्थ्य विशेषज्ञ से इसकी ज़रूरत की दोबारा समीक्षा कराना उपयोगी हो सकता है।

7. क्या गर्भावस्था में कोई भी मल्टीविटामिन लिया जा सकता है?

गर्भावस्था और गर्भावस्था की योजना के दौरान शरीर की पोषण संबंधी ज़रूरतें अलग हो सकती हैं। Prenatal (प्रसवपूर्व) सप्लीमेंट में भी अलग-अलग पोषक तत्व और उनकी मात्रा अलग हो सकती है।

इसलिए इस समय किसी भी मल्टीविटामिन को अपने-आप शुरू करने के बजाय डॉक्टर या योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह के अनुसार सप्लीमेंट चुनना बेहतर है।

8. क्या मल्टीविटामिन संतुलित आहार की जगह ले सकता है?

नहीं। मल्टीविटामिन भोजन का विकल्प नहीं है।

संतुलित और विविध भोजन से विटामिन और खनिज के साथ फ़ाइबर और दूसरे ज़रूरी पोषक तत्व भी मिलते हैं। इसलिए सप्लीमेंट लेने के बावजूद रोज़ाना पौष्टिक और विविध भोजन का महत्व बना रहता है।

निष्कर्ष

मल्टीविटामिन लेते समय सिर्फ़ यह देखना पर्याप्त नहीं है कि कौन-सा उत्पाद लिया जा रहा है। यह भी देखना ज़रूरी है कि उसे आपकी ज़रूरत और पूरी स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार कैसे लिया जा रहा है।

एक साथ कई सप्लीमेंट लेना, रोज़ के भोजन और Fortified Foods या Drinks से मिलने वाले Nutrients (पोषक तत्व) को ध्यान में न रखना, दूसरी दवाओं की जानकारी न देना या अधिक मात्रा को अधिक फ़ायदे से जोड़ना आम गलतियों में शामिल हो सकता है।

इसी तरह, केवल थकान जैसे किसी एक लक्षण के आधार पर सप्लीमेंट शुरू करना भी सही तरीका नहीं है।

गर्भावस्था, किसी स्वास्थ्य समस्या, पोषक तत्वों की कमी, बच्चों के लिए सप्लीमेंट या नियमित Medicines के मामले में थोड़ी ज़्यादा सावधानी ज़रूरी हो सकती है।

इसलिए मल्टीविटामिन को ऐसा सप्लीमेंट मानने के बजाय जिसकी ज़रूरत हर व्यक्ति को हो, अपनी Nutritional Needs और स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार इसकी ज़रूरत को समझना बेहतर है।

स्वास्थ्य संबंधी अस्वीकरण

यह लेख सामान्य स्वास्थ्य-जागरूकता के उद्देश्य से है। इसे किसी व्यक्ति के लिए व्यक्तिगत चिकित्सा या आहार संबंधी सलाह का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।

गर्भावस्था, किसी स्वास्थ्य समस्या, पोषक तत्वों की कमी, नियमित Medicines या एक से अधिक सप्लीमेंट लेने की स्थिति में सप्लीमेंट शुरू करने, बदलने या बंद करने से पहले योग्य डॉक्टर, फ़ार्मासिस्ट या अन्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लें।


Sources / संदर्भ

  1. NIH Office of Dietary Supplements (ODS) – Multivitamin/mineral Supplements

  2. NIH Office of Dietary Supplements (ODS) – Dietary Supplements and Life Stages: Pregnancy

  3. U.S. Food and Drug Administration (FDA) – Dietary Supplements and Drug Interactions

  4. NIH Office of Dietary Supplements (ODS) – Vitamin and Mineral Fact Sheets

  5. NIH Office of Dietary Supplements (ODS) – Dietary Supplements: What You Need to Know

Disclaimer: This article is for general informational purposes only and is not a substitute for professional medical advice. Always consult a qualified Ayurvedic practitioner or physician before acting on any information here.

About the Author

Dr Suhail Siddiqui
Dr Suhail Siddiqui

डॉ. सुहैल सिद्दीकी (Dr Suhail Siddiqui), B.A.M.S., एक योग्य एवं पंजीकृत आयुर्वेदिक चिकित्सक हैं। उन्होंने चौधरी ब्रह्म प्रकाश आयुर्वेद चरक संस्थान (Choudhary Brahm Prakash Ayurved Charak Sansthan), गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय से वर्ष 2024 में बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी (B.A.M.S.) की डिग्री प्राप्त की है। वे उत्तर प्रदेश बोर्ड ऑफ इंडियन मेडिसिन (UP Board of Indian Medicine) में पंजीकृत चिकित्सक हैं — रजिस्ट्रेशन संख्या 77487 — और वर्तमान में SS Herbal India के साथ आयुर्वेदिक चिकित्सक (Ayurvedic Physician) के रूप में कार्यरत हैं। उन्हें आयुर्वेद, प्राकृतिक चिकित्सा, जीवनशैली प्रबंधन और रोगों की रोकथाम से जुड़े विषयों में विशेष रुचि है। डॉ. सुहैल मुख्य रूप से कान, नाक और गला (ENT) से संबंधित समस्याओं, टिनिटस (Tinnitus), कान में फंगल इंफेक्शन, हकलाना, पथरी, मधुमेह, पाचन संबंधी समस्याओं तथा अन्य सामान्य स्वास्थ्य विषयों पर आयुर्वेद आधारित जानकारी साझा करते हैं। उनका उद्देश्य जटिल स्वास्थ्य विषयों को सरल भाषा में समझाकर लोगों तक विश्वसनीय और उपयोगी जानकारी पहुँचाना है। SS Herbal India पर प्रकाशित लेखों के लिए डॉ. सुहैल आयुर्वेदिक ग्रंथों, उपलब्ध आधुनिक शोध, चिकित्सा साहित्य तथा विश्वसनीय स्वास्थ्य स्रोतों का अध्ययन करते हैं। उनके नाम से प्रकाशित होने वाला प्रत्येक लेख प्रकाशन से पहले उनकी समीक्षा से होकर जाता है। प्रत्येक लेख का उद्देश्य पाठकों को संतुलित, तथ्य-आधारित और उपयोगी स्वास्थ्य जानकारी प्रदान करना है। यह जानकारी केवल शैक्षणिक एवं जागरूकता के उद्देश्य से प्रकाशित की जाती है और किसी भी प्रकार से व्यक्तिगत चिकित्सकीय सलाह का विकल्प नहीं है। डॉ. सुहैल सिद्दीकी का लक्ष्य लोगों को सही स्वास्थ्य जानकारी देकर उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, रोगों की बेहतर समझ विकसित करने और अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बनने में सहायता करना है।

Read More →
SS Herbal is a brand of SHAGUNVEDA GLOBAL PVT. LTD.©Copyright 2026 SS Herbal